शिव भजन


"शिव भजन "

शिव शंकर कहूँ याद करते हैं हम 
पूजा कैसे करूँ यह नहीं है पता ।

तुमको कहते हैं औघर दानी सभी,
इस अधम को तो यह भी नहीं है पता ।
शिव शंकर ............................ ।

फूल अक्षत औ चन्दन धरा थाल में ,
ध्यान कैसे धरूँ यह नहीं है पता ।
शिव शंकर ............................... ।

तुम तो बसते हो भक्तों के दिल में सही 
भक्ति का सुर मुझे भी नहीं है पता ।
शिव शंकर ............................ ।

आई शरणों में तेरे क्या अर्पण करूँ ,
सब तो तेरा दिया है यही है पता ।।
शिव शंकर ............................ ।

- कुसुम ठाकुर -

5 comments:

Udan Tashtari said...

बढ़िया भजन!!

sangeeta swarup said...

मन से की गयी प्रार्थना

संजय भास्कर said...

जय शिव ओंकारा ...... सुंदर चित्र है भोले नाथ का ......

संजय भास्कर said...

Om Namah Shivaya...!!

ritu singh said...

beautiful....